जानें, क्रेडिट कार्ड पर लगने वाले फाइन और चार्ज से जुड़ी बड़ी बातें

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क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने वालों के जेहन में इससे जुड़े कई सवाल होते हैं. खास तौर पर ये सवाल कार्ड से हुए खर्च के बाद उस पर लगने वाले इंट्रेस्ट रेट और फाइन से जुड़े होते हैं. आइए जानते हैं उनमें से चंद सवालों के जवाब-

नई दिल्ली: क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करने वालों के जेहन में इससे जुड़े कई सवाल होते हैं. खास तौर पर ये सवाल कार्ड से हुए खर्च के बाद उस पर लगने वाले इंट्रेस्ट रेट और फाइन से जुड़े होते हैं. भारत में कई फाइनेंस कंपनियां हैं जो ग्रहकों को क्रेडिट कार्ड देती हैं. ऐसे में हर कार्ड पर लगने वाले इंट्रेस्ट रेट और फाइन की जानकारी देना संभव नहीं. लेकिन जब हमने एचडीएफसी बैंक से जुड़े क्रेडिट कार्ड के कस्टमर केयर से बात की तब उन्होंने जानकारी दी कि अकेले उनके पास 36 तरह के कार्ड्स हैं. इसके बाद हमने मध्यम वर्ग द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले उनके एक कार्ड रिगैलिया के बारे में उनसे बात की जिससे कई जानकारियां निकलकर समाने आईं.

आइए आपको बताते हैं वो बातें

  • अगर आप रिगैलिया कार्ड कार्ड के धारक हैं और अगर आपके कार्ड की लिमिट 1 लाख 20 हजार रुपए की है तो आपके द्वारा किए गए खर्च को सयम से भर देने पर कोई चार्ज नहीं लगता.
  • वहीं, अगर आपने 10,000 रुपए खर्च किए हैं और मान लीजिए कि आपको मिनमम पेंमेट 1000 रुपए का करने को कहा गया है तो ऐसी स्थिति में मिनमम पेंमेट करने के बाद आपको बाकी के बचे 9000 रुपए पर 3.49%+GST और देना होगा.
  • अगर आपका बिल डेट महीने की 25 तारीख का है और आप इसके पहले अपना बिल भर देते हैं तो जितने दिनों पहले आपने बिल भरा उतने दिनों का टैक्स कम हो जाएगा.
  • अगर आपने अपने कार्ड पर इतनी ही राशि खर्च की है लेकिन मिनिमम अमाउंट भी नहीं भरा तो ऐसी स्थिति में आपको आउटस्टैंडिंग अमाउंट यानी जितना आपने खर्च किया है उसके ऊपर 5%+3.49%+GST और देना पड़ेगा.
  • ये राशि अगर अगले महीने भी नहीं भरी गई तो इससे आपके ऊपर लगने वाले सारी राशियों में भारी इजाफा हो जाता है, वहीं आपकी क्रेडिट रेटिंग भी खराब होती है.
  • अगर आप एचडीएफसी के ग्राहक हैं तो उनकी वेबसाइट पर service and charges का एक सेक्शन है जहां जाकर आप क्रेडिट कार्ड पर लगने वाले हर तरह के शुल्क की विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं.