वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर किया गया मुन्ना बजरंगी का अंतिम संस्कार, जेल में हो गई थी हत्या

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वाराणसी: माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी का अंतिम संस्कार आज वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर किया गया।बजरंगी की कल सुबह बागपत की जेल में एक अन्य गैंगस्टर ने गोली मारकर हत्या कर दी थी।मुन्ना बजरंगी के बेटे समीर सिंह ने उसे मुखाग्नि दी। माफिया डॉन के अंतिम संस्कार में घाट पर भीड़ को देखते हुए भारी सुरक्षा बल तैनात किया गया था।

बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह ने घटना की जांच सीबीआई से कराए जाने की मांग की है

इससे पहले मुन्ना बजरंगी का शव मंगलवार सुबह उसके पैतृक घर (जौनपुर) पहुंचा। शव के पहुंचते ही वहां चीख-पुकार मच गई। जेल में अचानक हुई इस हत्या ने प्रशासन की नींद उड़ा रखी है। बजरंगी की पत्नी सीमा सिंह ने घटना की जांच सीबीआई से कराए जाने की मांग की है। इस घटना में जो सबसे बड़ा सवाल है वो ये कि आखिर जेल में पिस्टल कहां से आई।

गैंगस्टर सुनील राठी ने मुन्ना को 10 गोलियां मारीं थीं

बता दें कि गैंगस्टर सुनील राठी ने मुन्ना को 10 गोलियां मारीं थीं जिनमें से अधिकतर सिर में लगी थी। मुन्ना बजरंगी की मौके पर ही मौत हो गई थी।सुनील राठी ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि सुबह दोनों चाय पीने के लिए सेल से निकले थे। दोनों के हाथ में चाय का कप था। दोनों के बीच बातचीत हुई, दोनों पहले से एक दूसरे को अच्छे से जानते थे।

इसलिए हुआ था दोनों के बीच विवाद

बातचीत के दौरान मुन्ना बजरंगी ने सुनील राठी को कहा कि तुम धनंजय सिंह के साथ मिलकर मेरे ही खिलाफ काम करने लगे और धनंजय सिंह को गालियां देने लगा।

सुनील राठी ने कहा कि धनंजय सिंह से उसका पुराना पारिवारिक संबंध है और घर आना जाना है। उसे गाली मत दो। मुन्ना बजरंगी ने कहा कि मैं गाली दूंगा। इस पर दोनों के बीच हाथापाई हो गई। धनंजय सिंह पूर्वांचल के पूर्व बाहुबली सांसद रह चुके हैं।

सुनील राठी के मुताबिक पिस्टल मुन्ना बजरंगी के पास थी

सुनील राठी के मुताबिक पिस्टल मुन्ना बजरंगी के पास थी जो उसने सुनील पर तानी तो छीनकर सुनील राठी ने मुन्ना बजरंगी को गोली मार दी।

य़ूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने कहा- ऐसा कुशासन व अराजकता का दौर पहले कभी नहीं देखा

मुन्ना बजरंगी हत्याकांड को लेकर सियायत का दौर जारी है। इस घटना पर नेताओं के बयान आ रहे हैं। इसी बीच य़ूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने ट्वीट करते हुए लिखा, ”आज यूपी में न तो क़ानून बचा है न व्यवस्था। हर तरफ़ दहशत का वातावरण है। अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि वो जेल तक में हत्याएं कर रहे हैं। ये सरकार की विफलता है। प्रदेश की जनता इस भय के माहौल में बहुत डरी-सहमी है। प्रदेश ने ऐसा कुशासन व अराजकता का दौर पहले कभी नहीं देखा।”

 

 

 

हत्या और फिरौती समेत 40 से अधिक आपराधिक मामलों में वांछित था खूंखार गैंगस्टर मुन्ना बजरंगी
बता दें कि बजरंगी की कल सेमवार सुबह बागपत जेल में एक अन्य कैदी गैंगेस्टर ने 10 गोली मारकर हत्या कर दी थी।पूर्व बसपा विधायक लोकेश दीक्षित से रंगदारी मांगने के आरोप में बागपत कोर्ट में मुन्ना बजरंगी की आज पेशी होनी थी। हत्या और फिरौती समेत 40 से अधिक आपराधिक मामलों में वांछित खूंखार गैंगस्टर मुन्ना बजरंगी ने महज 17 साल की उम्र में पहला जुर्म किया और देखते ही देखते वह पूर्वांचल में अपराध की दुनिया का बादशाह बन गया।